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तपस्वी कुमार वह जिसकी शांति की किरणें चारो ओर फैले – ब्रह्माकुमार सूर्य भाई

तपस्वी कुमार वह जिसकी शांति की किरणें चारो ओर फैले – ब्रह्माकुमार सूर्य भाई

ग्वालियर: प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय की सहयोगी संस्था राजयोग एजुकेशन एण्ड रिसर्च फाउंडेशन के युवा प्रभाग के द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर एक ऑनलाइन बेबिनार का आयोजन किया गया जिसका विषय था “आओ चले दिव्यता के पथ पर” जिसमें पूरे भारत से विभिन्न राज्यों के युवाओं ने भाग लिया |
कार्यक्रम के शुभारम्भ में युबा प्रभाग की राष्ट्रीय उपाध्यक्षा राजयोगिनी चन्द्रिका दीदी (अहमदाबाद) एवं राष्ट्रीय सयोंजिका राजयोगिनी कृति दीदी (अहमदाबाद) ने अपनी शुभकानाएं रखी| और सभी का स्वागत करते हुए कहा कि युवा जो चाहे वह कर सकता है सिर्फ ईश्वर द्वारा प्राप्त शक्तियों को सही दिशा में लगाये| तत्पश्चात माउंट आबू से मुख्य वक्ता के रूप में राजयोगी सूर्य भाई जी ने ब्रह्माकुमारीज से जुड़े देश भर के युवायों को संबोधित करते हुए कहा कि तपस्वी वह जिसकी शांति की किरणें चारों ओर फैले, मै पन और मेरापन से मुक्त हो, अहंकार मुक्त हो तथा सम्पूर्ण समर्पण भाव से निष्काम भाव से सेवा करें| ऐसी सेवा करें जो आध्यात्मिकता झलकने लगे, लोक कल्याण ही महान कर्तव्य बन जाए और संसार के काम आ जाए| आज कल सभी सोशल मीडिया पर जरुरत से ज्यादा अपना कीमती समय व्यतीत करते हैं| जिसके कारण गलत राह पर चले जाते हैं और आध्यात्मिकता से सशक्त नही हो पाते| इसलिए बहुत ज़रूरी है कि आपकी सोच, संकल्प बहुत पॉवरफुल ओर ऊँच बन जाये ताकि आपको देखकर दूसरे भी प्रेरित हो जाएं| आपके चेहरे से कभी खुशी गुम ना हो| कहते भी है कि “खुशी जैसी खुराक नही” इसलिए उन सभी बातों से अपने आप को दूर रखें जिससे खुशी गुम हो या आपकी संकल्प शक्ति कमज़ोर हो जाये| तो सभी युवा अपने आप को भाग्यशाली समझते हुए सही दिशा में कार्य करें और अपनी जिम्मेबारियों का निर्वहन करें |
इसके साथ ही ग्वालियर से जुड़े ब्रह्माकुमार प्रह्लाद भाई ने अपना अनुभव बताते हुए कहा कि युवाओं का जीवन अर्थात शक्तिशाली जीवन |युवा अपने जीवन से दूसरों को प्रेरणा दे सकता हैं| लेकिन आज का युवा अच्छे उद्देश्य को लेकर कार्य करना चाहता है लेकिन कई बार वह अपने कीमती समय को यूं ही बर्बाद कर देता है | आज के समय में इंटरनेट के माध्यम से हमें बहुत सारी महत्वपूर्ण जानकारियां सहजता से मालूम पड़ जाती है लेकिन कई बार इन्टरनेट का दुरूपयोग एवं सोशल मीडिया पर ज़्यादा टाइम देने के कारण युवा अपने अपने मार्ग से भटक जाते हैं और उन्नति भी रूक जाती है | इसके लिए हरेक युवा थोडा समय प्रतिदिन अच्छे साहित्य को पढने के लिए निकाले तो वह अपनी उन्नति करते हुए अपने लक्ष्य तक आशानी से पहुँच सकता है| जैसा पढ़ेंगे वैसा बनेगें |
कार्यक्रम का सकुशल संचालन बी. के. विवेक भाई (अहमदाबाद) ने किया | दिनांक – 14.10.2020

Source: BK Global News Feed

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