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ब्रह्माकुमारीज़ टिकरापारा में विशेष सत्संग का आयोजन

सादर प्रकाषनार्थ
प्रेस विज्ञप्ति
आत्मा की ऊर्जा के लिए प्रतिदिन सत्संग जरूरी – ब्रह्माकुमारी मंजू दीदी
ब्रह्माकुमारीज़ टिकरापारा में विशे
ष सत्संग का आयोजन

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बिलासपुर, टिकरापाराः- शरीर की ऊर्जा बनी रहे, कार्य करने की शक्ति बनी रहे तथा हम स्वस्थ व निरोग रहें इसके लिए हम दिन भर में कम से कम तीन बार, एक बार नाष्ता व दो बार भोजन तो करते ही हैं, कभी-कभी तो चार या पांच बार भी कुछ न कुछ खा लेते हैं। लेकिन यह बात विचार में आना चाहिए कि क्या हमने अपनी आत्मा को एक बार भी भोजन दिया….? यही कारण है कि हमारे जीवन में मूल्यों की कमी, गुस्सा, चिड़चिड़ापन, नफरत, ईर्ष्या, आलस्य जैसे विकारों ने प्रवेष कर लिया है। और सोचने वाली बात यह भी है कि ये हमें अच्छा लगता भी नहीं है फिर भी हम इनके वषीभूत हो जाते हैं। इन सभी विकारों का आना आत्मा की ऊर्जा क्षीण होने के लक्षण हैं। आत्मा के अंदर मन, बुद्धि व संस्कार हैं जिनका मुख्य भोजन अच्छे विचार हैं और अच्छे विचारों का स्रोत सत्संग ही है। प्रतिदिन सत्संग से आत्मा की बैट्री चार्ज हो जाती है। इसका लक्षण है कि वे मूल्य व गुण जो हमारे जीवन से दूर हो गए थे वे वापिस हममें धारण होने लगते हैं। और सत्संग के द्वारा ही हम सत्य के संग अर्थात् परमात्मा के संग में आते हैं। परमात्मा आंखों से दिखाई देने वाले नहीं लेकिन अनुभव करने वाली सत्ता हैं।
उक्त बातें ब्रह्माकुमारीज़ टिकरापारा में आयोजित विशेष सत्संग कार्यक्रम में उपस्थित साधकों को संबोधित करते हुए सेवाकेन्द्र प्रभारी ब्रह्माकुमारी मंजू दीदी जी ने कही। उन्होंने बतलाया कि ब्रह्माकुमारीज़ का मुख्य थीम ही है प्रतिदिन सकारात्मक चिंतन, रविवार को भी छुट्टी नहीं क्योंकि हम खाना भी तो रोज ही खाते हैं वैसे ही यह आत्मा का भोजन है। इसमें ही हर समस्या का समाधान मिल जाता है। काम, क्रोध, लोभ, मोह, अहंकार जैसे विकारों के वषीभूत होने के कारण आज यह दुनिया कलियुग बन गई है अर्थात् कलियुग लाने में हमारी ही भूमिका है। अब समय है कि अपने मीठे व्यवहार व दैवीय गुणों को धारण कर दुनिया को पुनः हमें ही सतयुग बनाना होगा।
रविवार, 15 दिसम्बर को मनायी जाएगी पिताश्री ब्रह्माबाबा की 143वीं जयन्ती
इसके साथ ही दीदी ने जानकारी दी कि परमात्मा षिव के साकार माध्यम प्रजापिता ब्रह्मा (दादा लेखराज), जिनके द्वारा परमात्मा नई सृष्टि की स्थापना का कार्य कर रहे हैं तथा जिनसे प्रेरणा लेकर लाखों लोग इस मार्ग पर चल रहे हैं,  ऐसे पिताश्री ब्रह्माबाबा की 143वीं जयंती रविवार 15 दिसम्बर को समस्त ब्रह्माकुमारीज़ परिवार के द्वारा मनायी जा रही है। साथ ही रविवार को ही माउण्ट आबू से प्रभु मिलन महोत्सव का सीधा प्रसारण शाम 5 बजे से सेवाकेन्द्रों पर देखा जायेगा।
प्रति,
भ्राता सम्पादक महोदय,
दैनिक………………………..
बिलासपुर (छ.ग.)

Source: BK Global News Feed

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